❤️दोस्ती 🌼😊

चलो फिर से
दौड़ते चलें नंगे पांव
जिन्दगी की तपती  ज़मींन पर
उम्र भर के छालों को सुखा लें
अभी भी है
पेड़ो की ठंडी छांव।

Leave a comment

Design a site like this with WordPress.com
Get started